भारत-न्यूजीलैंड मैच 5 नहीं 6 दिनों तक चलेगा, रिजर्व डे का नियम लागू

भारत और न्यूजीलैंड की टीमें वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में भिड़ रही हैं. पहले दिन के पहले सेशन का खेल बारिश ने धो डाला. साउथैंप्टन में लगातार बारिश की वजह से टॉस तक नहीं हुआ और ऐसी आशंका है कि पहले दिन का खेल बिना गेंद फेंके ही खत्म हो सकता है. लेकिन घबराने की जरूरत नहीं.

आईसीसी ने इस मुकाबले के लिए स्पेशल नियम भी बनाया है जिसके चलते पहले दिन का खेल धुलने के बावजूद मैच का नतीजा आ सकता है. आईसीसी ने साफ कर दिया है कि साउथैंप्टन में पहले दिन की बारिश के बाद अब फाइनल में रिजर्व डे का भी इस्तेमाल होगा. शनिवार को मैच आधे घंटे पहले दोपहर 3 बजे से शुरू होगा.

वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल का नियम है कि अगर मैच पर अगर बारिश और खराब रोशनी के चलते बाधा आती है तो रिजर्व डे का इस्तेमाल किया जाएगा. इस दिन बचे हुए ओवरों का खेल होगा. मतलब अगर पांच दिनों में बारिश की वजह से गंवाया हुआ वक्त अन्य दिनों में मिलने वाले अतिरिक्त समय से पूरा नहीं हुआ तो रिजर्व डे का इस्तेमाल होगा. रिजर्व डे में जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त अंतिम घंटे के साथ अधिकतम 330 मिनट या 83 ओवर का खेल हो सकता है.

WTC Final ड्रॉ या टाई हुआ तो?

वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल अगर ड्रॉ या टाई हुआ तो भारत और न्यूजीलैंड दोनों को संयुक्त विजेता घोषित कर दिया जाएगा.

WTC Final किस गेंद से खेला जाएगा?

वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल तटस्थ जगह पर हो रहा है और इसीलिए फाइनल के लिए ड्यूक गेंदों का ही इस्तेमाल किया जाएगा. न्यूजीलैंड की टीम कूकाबूरा और भारतीय टीम एसजी गेंदों से घरेलू टेस्ट मैच खेलती हैं इसलिए फाइनल में ड्यूक गेंदों का ही इस्तेमाल होगा, ताकि किसी एक टीम को फायदा नहीं मिल सके.